स्वतंत्र बोल
बिलासपुर 30 सितम्बर 2026 : बिलासपुर के सिम्स की खराब व्यवस्था और बुनियादी सुविधाओं की कमी को लेकर चल रही जनहित याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के सचिव ने कोर्ट में शपथ पत्र पेश किया। वहीं उपकरण खरीदी के मामले में सीजीएमएससी ने नया शपथ पत्र पेश करने के लिए 10 दिन का समय मांगा। कोर्ट ने समय देते हुए मामले की अगली सुनवाई तीन सप्ताह बाद तय की। सिम्स में उपकरणों की कमी को लेकर हाईकोर्ट में पहले भी 31 अत्याधुनिक मशीनों की खरीदी की प्रक्रिया की जानकारी दी गई थी।
कोर्ट कमिश्नरों की जांच में मिलीं खामियां
सुनवाई के दौरान मार्च और अप्रैल में किए गए निरीक्षण की रिपोर्ट का भी उल्लेख हुआ। कोर्ट कमिश्नरों की रिपोर्ट में सिम्स में पानी के रिसाव की समस्या सामने आई।
रिपोर्ट के मुताबिक अस्पताल के कई हिस्सों में पानी भर गया था। फायर फाइटिंग सिस्टम भी लंबे समय से बंद पड़ा था। इस पर शासन की ओर से बताया गया कि फायर फाइटिंग सिस्टम की मरम्मत करा दी गई है।
31 एडवांस्ड मशीनों की खरीद की प्रक्रिया
इससे पहले सीजीएमएससी ने हाईकोर्ट में शपथ पत्र पेश कर सिम्स के लिए खरीदी जा रही जरूरी मशीनों और उपकरणों की स्थिति बताई थी। चार्ट के जरिए मशीनों की खरीद का स्टेटस कोर्ट के सामने रखा गया था।
शपथ पत्र के अनुसार सिम्स के लिए कुल 31 एडवांस्ड मशीनों की खरीदी की प्रक्रिया चल रही है। इनमें से 13 मशीनें अस्पताल पहुंच चुकी हैं।
दो मशीनों के लिए जून में ही परचेज ऑर्डर जारी किए जा चुके हैं। वहीं दो मशीनों की कीमत अधिक होने के कारण सिम्स से मंजूरी ली गई है। मंजूरी मिलने के बाद इन मशीनों के लिए भी ऑर्डर जारी किया जाएगा।
इसके अलावा दो मशीनें अभी तकनीकी परीक्षण यानी टेक्निकल डेमो के दौर में हैं।
अब तीन सप्ताह बाद होगी अगली सुनवाई
उपकरण खरीदी से जुड़े मामले में सीजीएमएससी को नया शपथ पत्र पेश करने के लिए 10 दिन का समय दिया गया है। कोर्ट ने इसे स्वीकार कर लिया है।
अब इस मामले की अगली सुनवाई तीन सप्ताह बाद होगी। सिम्स की व्यवस्था, बुनियादी सुविधाओं और उपकरणों की स्थिति से जुड़ी जानकारी आगे की सुनवाई में भी सामने आएगी।


