स्वतंत्र बोल
रायगढ़ ,16 मई 2026: ऑनलाइन क्रिकेट सट्टे के बड़े नेटवर्क पर रायगढ़ पुलिस ने ऐसा शिकंजा कसा कि रायपुर से लेकर गोवा तक हड़कंप मच गया। पुलिस ने गोवा के कैंडोलिम बीच इलाके में किराए के लग्जरी विला पर दबिश देकर रायपुर और खरसिया से जुड़े बड़े सटोरियों को गिरफ्तार कर लिया। बताया जा रहा है कि ये गैंग IPL मैचों पर करोड़ों रुपये का ऑनलाइन सट्टा चला रहा था।
पूरी कार्रवाई एसएसपी Shashi Mohan Singh के निर्देशन में की गई। पुलिस पहले से दर्ज ऑनलाइन सट्टा मामलों की जांच कर रही थी, तभी हवाला नेटवर्क और बड़े सट्टा सिंडिकेट से जुड़े कई अहम सुराग मिले।
गोवा में छापा, भागने की तैयारी में थे आरोपी
जांच के दौरान साइबर थाना और कोतवाली पुलिस को पता चला कि आरोपी रायगढ़, रायपुर, सक्ती और खरसिया से नेटवर्क ऑपरेट कर रहे थे और गोवा में छिपे हुए थे। इसके बाद सीएसपी Mayank Mishra और डीएसपी उत्तम प्रताप सिंह के नेतृत्व में टीम गोवा पहुंची।
कैंडोलिम बीच इलाके के एक किराए के विला में छापेमारी के दौरान अमित मित्तल, मोहित सोमानी, प्रकाश वाधवानी, आकाश मोटवानी, राहुल खंडेलवाल उर्फ बाबू और सुलभ खंडेलवाल उर्फ छोटा बाबू सट्टा ऑपरेट करते मिले। पुलिस की भनक लगते ही आरोपी मोबाइल, लैपटॉप और हिसाब-किताब से जुड़े दस्तावेज नष्ट करने की कोशिश कर चुके थे।
मौके से 10 मोबाइल फोन जब्त किए गए और सभी आरोपियों को रायगढ़ लाकर पूछताछ शुरू की गई।
दुबई से आती थी बेटिंग ID
पुलिस जांच में बड़ा खुलासा हुआ है कि यह पूरा नेटवर्क महादेव सट्टा ऐप की तर्ज पर काम कर रहा था। दुबई से क्रिकेट बेटिंग आईडी महानगरों के जरिए रायपुर और दूसरे शहरों तक पहुंचाई जाती थी। आरोपी इन्हें छोटे खाईवालों और खिलाड़ियों तक कमीशन पर उपलब्ध कराते थे।
7 सेकंड पहले दिखता था मैच!
पूछताछ में सामने आया कि सटोरिए APK बेस्ड ऐप और खास टीवी एप्लीकेशन का इस्तेमाल करते थे, जिनमें लाइव मैच करीब 7 सेकंड पहले दिखाई देता था। इसी एडवांटेज का फायदा उठाकर करोड़ों का सट्टा खेला जाता था।
इसके अलावा All Panel Exchange, Taj 777 और Diamond Exchange जैसे क्रिकेट बेटिंग ऐप के जरिए ऑनलाइन जुआ संचालित किया जा रहा था।
“मन्नू नथानी गैंग” से जुड़े तार
तकनीकी जांच में पता चला कि गिरफ्तार आरोपी मध्य भारत के चर्चित सट्टा नेटवर्क संचालक “मन्नू नथानी” गिरोह से जुड़े हुए हैं। ये लोग ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा, मटका और डिजिटल बेटिंग आईडी के जरिए संगठित अपराध चला रहे थे।
प्रारंभिक जांच में एक ही IPL सीजन में करोड़ों रुपये के लेनदेन के संकेत मिले हैं। पुलिस को हवाला लेनदेन के सबूत भी मिले हैं, जिसमें नोटों के सीरियल नंबर के जरिए रकम ट्रांसफर की जाती थी।
पहले भी दर्ज हैं कई केस
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार सभी आरोपी पुराने सट्टेबाज हैं और इनके खिलाफ रायगढ़, रायपुर, खरसिया समेत कई जगहों पर मामले दर्ज हैं। आरोपी मोहित सोमानी को इस गैंग का बड़ा ऑपरेटर बताया जा रहा है।
फिलहाल सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजने की तैयारी की जा रही है और पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की तलाश जारी है।


