स्वतंत्र बोल
रायपुर, 16 मई 2026: राजधानी रायपुर में नशे के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाइयों में से एक सामने आई है। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट ने 97 मामलों में जब्त किए गए करीब 5.65 करोड़ रुपए मूल्य के मादक पदार्थों को एक साथ नष्ट कर दिया। इस कार्रवाई के बाद नशा तस्करों में हड़कंप मच गया है।
सेंट्रल जोन पुलिस द्वारा सिलतरा स्थित M/S SMS Watergrace Enviroprotect Private Limited में जिला स्तरीय औषधि निपटान समिति की निगरानी में यह पूरी कार्रवाई की गई। पुलिस कमिश्नर Sanjeev Shukla के मार्गदर्शन में हुई कार्रवाई की अध्यक्षता पुलिस उपायुक्त (मध्य जोन) Umesh Prasad Gupta ने की।
पुलिस के मुताबिक जिन मादक पदार्थों को नष्ट किया गया, उनमें भारी मात्रा में गांजा, चरस, ब्राउन शुगर, एमडीएमए ड्रग्स और कोकेन शामिल हैं। आंकड़ों के अनुसार 65 मामलों में लगभग 494 किलोग्राम गांजा, 22 मामलों में 11,964 कैप्सूल और टेबलेट, 5 मामलों में 11.217 किलोग्राम चरस, 31.95 ग्राम ब्राउन शुगर, 24.24 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स और 8.19 ग्राम कोकेन का नष्टीकरण किया गया।
सूत्रों के मुताबिक इतने बड़े स्तर पर ड्रग्स नष्ट किए जाने के बाद कई सक्रिय नेटवर्कों की कमर टूटने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस का कहना है कि यह सिर्फ जब्ती की कार्रवाई नहीं, बल्कि पूरे अवैध नेटवर्क को खत्म करने की रणनीति का हिस्सा है।
कार्रवाई के दौरान पर्यावरणीय स्वीकृति, एनओसी और अन्य कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किया गया। पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी और दस्तावेजीकरण भी कराया गया ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
पुलिस अधिकारियों ने साफ कहा है कि अब सिर्फ छोटे सप्लायर ही नहीं, बल्कि नशे के पूरे आर्थिक नेटवर्क पर कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए PIT-NDPS एक्ट के तहत आदतन अपराधियों पर निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। साथ ही फाइनेंशियल इन्वेस्टिगेशन के जरिए अवैध कमाई और हवाला कनेक्शन की भी जांच हो रही है।
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट का कहना है कि शहर को नशामुक्त बनाने के लिए आगे भी लगातार सख्त अभियान चलाया जाएगा और ड्रग्स कारोबार से जुड़े किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।


