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धर्म डेस्क 4 नवंबर 2026: कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि यानी धनतेरस का पावन पर्व इस साल 6 नवंबर को पूरे देश में श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जाएगा। इस खास दिन हर परिवार अपने घर में सुख, शांति और तरक्की की कामना करते हुए तरह-तरह की नई चीजें खरीदता है। हालांकि, खरीदारी के इस महाउत्सव में कुछ ऐसी वस्तुओं का चयन करने से बचना चाहिए जिन्हें हमारे शास्त्रों और धार्मिक परंपराओं में सख्त वर्जित माना गया है। यदि कोई व्यक्ति बिना सोचे-समझे इन वर्जित चीजों को अपने घर ले आता है, तो इससे खुशियों में रुकावट आ सकती है और घर में नकारात्मकता बढ़ सकती है।
धनतेरस पर लोहे का सामान खरीदना क्यों माना जाता है अशुभ?
धनतेरस के पावन अवसर पर लोहे से बनी चीजें खरीदना शुभ नहीं माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार लोहे का संबंध सीधे तौर पर शनिदेव से जोड़ा जाता है। ऐसी पुरानी मान्यता है कि इस दिन लोहे का कोई भी सामान घर लाने से जीवन में परेशानियां और मुश्किलें बढ़ सकती हैं। इसलिए जब भी आप इस शुभ त्योहार पर बाजार जाएं, तो लोहे की वस्तुओं को अपनी खरीदारी की सूची से पूरी तरह बाहर रखना ही बेहतर माना जाता है। लोग इस नियम का सख्ती से पालन करते हैं ताकि घर पर किसी भी प्रकार की बुरी छाया न पड़े।
कांच से बनी चीजें घर लाने से क्यों बढ़ती है नकारात्मकता?
लोहे के अलावा कांच के बर्तन, सजावटी सामान या कांच से बनी दूसरी वस्तुएं खरीदने से भी इस दिन सख्त बचने की सलाह दी जाती है। पुरानी मान्यताओं के अनुसार कांच का संबंध अशुभ माने जाने वाले राहु ग्रह से होता है, जो जीवन में उलझनें पैदा कर सकता है। ऐसा माना जाता है कि धनतेरस के दिन कांच की चीजें घर लाने से घर के अंदर नकारात्मकता बहुत तेजी से बढ़ने लगती है। यही वजह है कि इस शुभ अवसर पर इनकी खरीदारी को बिल्कुल भी उचित नहीं माना जाता है।
चाकू, कैंची और नुकीली चीजें खरीदने से क्यों होता है तनाव?
धनतेरस के खास मौके पर चाकू, कैंची, सुई, कील और पिन जैसी धारदार और नुकीली चीजें खरीदने से भी हमेशा बचना चाहिए। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ऐसी वस्तुओं को इस दिन अपने घर लाना परिवार के सदस्यों के बीच आपसी तनाव और कलह का बड़ा कारण बन सकता है। वास्तु से जुड़ी मान्यताओं में भी इन सभी चीजों को कभी भी शुभ खरीदारी का हिस्सा नहीं माना गया है। यदि आप चाहते हैं कि आपके घर में साल भर धन और धान्य के भंडार भरे रहें और मां लक्ष्मी की कृपा बनी रहे, तो आपको इन सभी वर्जित नियमों का पालन अवश्य करना चाहिए।


