स्वतंत्र बोल
रायपुर 06 सितंबर 2025. रास्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ प्रचारक रहे स्वर्गीय शांताराम सराफ को श्रद्धांजलि देने हरिहर क्षेत्र मदकू द्वीप में कार्यकर्ताओ की हुजूम पड़ा। हजारो की संख्या में पहुंचे कार्यकर्ताओ ने उन्हें नम आँखों से विदाई दी। मदकू में उन्हें श्रृद्धांजली देने केंद्रीय मंत्री तोखन साहू, उपमुख्यमंत्री अरुण साव, मंत्री टंकराम वर्मा, खुशवंत गुरु, राम विचार नेताम, दयालदास बघेल, राजेश अग्रवाल, छ.ग. वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉक्टर सलीम राज, विधायक धरमलाल कौशिक, पूर्व विधायक गौरी शंकर अग्रवाल, पूर्व राज्यपाल रमेश बैस, क्रेडा के अध्यक्ष भूपेंद्र सवन्नी, पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा, प्रांत संघ संचालक टोपलाल सहित बीजेपी और आरएसएस के वरिष्ठ पदाधिकारी मौजूद रहे। इससे पहले स्वर्गीय सराफ को आरएसएस के प्रान्त कार्यालय जागृति मंडल में सुबह 6 बजे से 10 बजे तक श्रद्धांजल दी गई, जहा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, स्पीकर डॉ रमन सिंह सहित राजधानी के विभिन्न क्षेत्रो राजनीतिक सामाजिक व्यपारिक और प्रशासनिक क्षेत्र से जुड़े लोगो ने विनम्र श्रद्धांजलि दी।
उफनती नदी पार कर पहुंचे लोग-
स्वर्गीय सराफ की अंतिम यात्रा में जागृति मंडल से निकले जहा धरसींवा और बैतलपुर के सरस्वती शिशु मंदिर में क्षेत्रीय लोगो ने अंतिम दर्शन किया। स्वर्गीय सराफ ने भारतीय स्टेट बैंक में प्रबंधक के पद को त्याग कर हिंदू समाज के उत्थान हेतु राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के पूर्णकालिक कार्यकर्ता बने। संघ में रहते हुए उन्होंने जिला, विभाग, प्रांत प्रचारक और क्षेत्र सम्पर्क प्रमुख जैसे महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया।
वर्ष 1990 में उन्होंने हरिहर क्षेत्र मदकू द्वीप को विकसित करने का मिशन अपने हाथ में लिया। उनके अथक प्रयासों से मदकू द्वीप धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से पुनर्जीवित हुआ तथा श्रद्धालुओं और शोधकर्ताओं का प्रमुख केंद्र बना। स्वर्गीय सराफ को राजकीय सम्मान के साथ उनकी अंतिम इच्छानुसार अंतिम संस्कार मदकू द्वीप में किया गया। बोट और नाव के सहारे उफनती शिवनाथ नदी को पार कर हजारो लोगो ने उनका अंतिम दर्शन किया, तो उतने ही लोग द्वीप के दूसरे किनारे श्रद्धांजलि देने खड़े रहे।
मदकू द्वीप के शिल्पी-
स्वर्गीय शांताराम सराफ के व्यवहार कुशलता ने उन्हें हजारो लोगो से दिल से जोड़े रखा। उन्होंने मुंगेली जिला के बैतलपुर की कुष्ठ बस्ती चंदरपुर में शिव मंदिर निर्माण, चिकित्सा सेवाएँ और सामाजिक कार्यों के साथ-साथ नवागढ़ के शमी गणेश मंदिर के पुनर्निर्माण में भी योगदान दिया।
आरएसएस के वरिष्ठ प्रचारक का निधन, शनिवार को होगा अंतिम संस्कार।






