रावघाट एरिया में सक्रिय नेटवर्क को बड़ा झटका, पूछताछ में खुल रहे अहम सुराग… तेज हुआ सर्च ऑपरेशन
स्वतंत्र बोल
कांकेर 02 अप्रैल 2026। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षा बलों को एक और बड़ी सफलता मिली है। मोस्टवांटेड नक्सली के सुरक्षा गार्ड ने आत्मसमर्पण कर दिया है, जिससे नक्सल नेटवर्क के अंदरूनी राज अब धीरे-धीरे सामने आने लगे हैं।
जानकारी के मुताबिक, सरेंडर करने वाला नक्सली लंबे समय से रावघाट एरिया में सक्रिय था और संगठन के लिए अहम भूमिका निभा रहा था। उसके आत्मसमर्पण को सुरक्षा एजेंसियों के लिए बड़ी कामयाबी माना जा रहा है, क्योंकि इससे नक्सलियों के नेटवर्क को कमजोर करने में मदद मिलेगी।
बताया जा रहा है कि रामको मंडावी, जो रावघाट एरिया कमेटी की सदस्य है, इस पूरे नेटवर्क में महत्वपूर्ण कड़ी मानी जा रही है। सुरक्षा बलों को इनपुट मिला है कि वह अभी भी सक्रिय है और उसकी तलाश तेज कर दी गई है।
सरेंडर के बाद पूछताछ में कई अहम खुलासे हुए हैं। इन्हीं सुरागों के आधार पर पुलिस और सुरक्षा बल अब गांव-गांव में सर्च ऑपरेशन चला रहे हैं। खासतौर पर छोटेबेठिया थाना क्षेत्र के माछपल्ली गांव में तलाशी अभियान तेज कर दिया गया है, जहां नक्सलियों के छिपे होने की आशंका जताई जा रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली ने संगठन की गतिविधियों, ठिकानों और रणनीतियों से जुड़े कई महत्वपूर्ण राज खोले हैं। इससे आगे की कार्रवाई को और तेज और सटीक बनाने में मदद मिल रही है।
लगातार हो रही ऐसी कार्रवाइयों से साफ संकेत मिल रहे हैं कि नक्सल विरोधी अभियान अब निर्णायक मोड़ पर पहुंचता जा रहा है और आने वाले समय में और बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं।


