स्वतंत्र बोल
रायपुर, 13 मई 2026: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और वैश्विक ऊर्जा संकट की आशंकाओं के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील का असर अब राज्यों में भी दिखाई देने लगा है। छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने एक ऐसा फैसला लिया है, जिसकी राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में जमकर चर्चा हो रही है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में देशवासियों से ऊर्जा बचत और संसाधनों के संयमित उपयोग की अपील की थी। इसी अपील को गंभीरता से लेते हुए वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी ने बड़ा निर्णय लिया है। उन्होंने घोषणा की है कि स्थिति सामान्य होने तक वे अत्यंत जरूरी परिस्थितियों को छोड़कर पायलट वाहन और फॉलो गाड़ी का उपयोग नहीं करेंगे।
वित्त मंत्री ने यह जानकारी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर साझा की। उन्होंने लिखा कि मौजूदा वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए ऊर्जा संरक्षण समय की जरूरत है और हर व्यक्ति को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए।
ओ.पी. चौधरी के इस फैसले को प्रशासनिक सादगी और जिम्मेदार नेतृत्व के तौर पर देखा जा रहा है। आमतौर पर मंत्रियों और वीआईपी मूवमेंट में बड़ी संख्या में वाहन और सुरक्षा प्रोटोकॉल इस्तेमाल होते हैं, ऐसे में उनका यह कदम लोगों का ध्यान खींच रहा है।
माना जा रहा है कि इस फैसले से ईंधन बचत के साथ-साथ सरकारी संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग को लेकर भी सकारात्मक संदेश जाएगा। वहीं राजनीतिक हलकों में भी इस निर्णय को प्रधानमंत्री की अपील के सीधे असर के रूप में देखा जा रहा है।
मिडिल ईस्ट में जारी तनाव का असर लगातार वैश्विक बाजारों और ऊर्जा क्षेत्र पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। ऐसे समय में सरकार से जुड़े जनप्रतिनिधियों द्वारा सादगी अपनाने की पहल अब चर्चा का बड़ा विषय बन गई है।


