स्वतंत्र बोल
रायपुर, 29 मई 2026: प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है, जिससे छत्तीसगढ़ समेत 12 राज्यों के लाखों गरीब परिवारों को राहत मिलने वाली है। केंद्र की ओर से ₹10,021 करोड़ से अधिक की मदर सैंक्शन जारी किए जाने के बाद ग्रामीण इलाकों में पक्के घरों का निर्माण अब और तेजी से आगे बढ़ेगा।
इस फैसले का स्वागत करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि यह सिर्फ आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि गरीब परिवारों के सम्मान, सुरक्षा और बेहतर भविष्य को मजबूत करने वाला ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में “हर गरीब को पक्का घर” का संकल्प तेजी से जमीन पर उतर रहा है।
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण केवल दीवार और छत बनाने की योजना नहीं है, बल्कि यह गरीब परिवारों के जीवन में आत्मविश्वास और सामाजिक गरिमा का नया आधार तैयार कर रही है। पक्का घर किसी भी परिवार के लिए सुरक्षित भविष्य और सम्मानजनक जीवन की सबसे बड़ी जरूरत होता है।
उन्होंने बताया कि इस नई वित्तीय सहायता से छत्तीसगढ़ के हजारों ग्रामीण परिवारों के वर्षों पुराने पक्के मकान के सपने को नई रफ्तार मिलेगी। साथ ही पात्र हितग्राहियों को समय पर योजना का लाभ पहुंचाना भी आसान होगा।
सीएम साय ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में गांव, गरीब और वंचित परिवारों के जीवन में बदलाव लाने के लिए लगातार काम कर रही है। डबल इंजन सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का कोई भी पात्र परिवार आवास जैसी मूलभूत सुविधा से वंचित न रहे।
उन्होंने यह भी कहा कि योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शिता और संवेदनशीलता के साथ पहुंचे, इसके लिए सरकार लगातार निगरानी और समन्वय के साथ काम कर रही है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस महत्वपूर्ण पहल में छत्तीसगढ़ को शामिल किए जाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान के प्रति आभार जताया। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र और राज्य सरकार के संयुक्त प्रयासों से प्रदेश के गरीब परिवारों के जीवन में स्थायी और बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।


