स्वतंत्र बोल
नई दिल्ली 2 अक्टूबर 2026 :दुबई की FZ1073 फ्लाइट में घायल हुए भारतीय पायलट कैप्टन स्मित माछर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फोन पर बात की। बातचीत के दौरान कैप्टन स्मित ने प्रधानमंत्री को घटना के समय के अपने अनुभव और उन्हें हिम्मत देने वाली बातों के बारे में बताया। पीएम मोदी ने उनकी बहादुरी की सराहना की और जल्द स्वस्थ होने की कामना की।
फ्लाईदुबई की FZ1073 फ्लाइट में क्या हुआ था?
कैप्टन स्मित माछर दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की FZ1073 फ्लाइट उड़ा रहे थे। उड़ान के दौरान उनके को-पायलट ने कथित तौर पर विमान को क्रैश कराने की कोशिश की थी। इस दौरान विमान अपनी क्रूजिंग ऊंचाई से अचानक नीचे आ गया और कॉकपिट में दोनों पायलटों के बीच हिंसक झड़प हुई। घटना की जांच की जा रही है और हमलावर के मकसद को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं है।
गंभीर रूप से घायल होने के बाद भी नहीं हारी हिम्मत
हमले में कैप्टन स्मित गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोलने का तरीका खोजा। इसके बाद आगे बैठे यात्रियों और क्रू के सदस्यों ने कॉकपिट में पहुंचकर हमलावर पायलट को काबू किया।
फ्लाइट में मौजूद दो ऑफ-ड्यूटी फ्लाईदुबई पायलट भी कॉकपिट में पहुंचे और विमान को संभाला। इसके बाद विमान को सऊदी अरब के तबुक डायवर्ट किया गया, जहां उसकी सुरक्षित लैंडिंग कराई गई।
PM मोदी ने की बहादुरी की तारीफ
घटना के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैप्टन स्मित माछर के साहस की सार्वजनिक रूप से तारीफ की। प्रधानमंत्री कार्यालय के मुताबिक, मोदी ने कहा कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद स्मित ने दूसरों की जान बचाने के लिए साहस और दृढ़ संकल्प दिखाया। उन्होंने उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की।
UPSC के शताब्दी समारोह को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि कैप्टन स्मित माछर ने 9/11 जैसी एक और त्रासदी को रोकने में भूमिका निभाई। यह प्रधानमंत्री का बयान है।
घटना के बाद कैप्टन स्मित की बहादुरी की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू समेत कई लोगों ने तारीफ की। गुजरात सरकार ने भी उन्हें ‘विशिष्ट गुजरात गरिमा पुरस्कार’ से सम्मानित करने का ऐलान किया है।


