मजरूह सुल्तानपुरी को जेल भेजा, देवानंद की फिल्मों पर लगाया बैन; कांग्रेस पर PM मोदी का तीखा हमला

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मजरूह सुल्तानपुरी को जेल भेजा, देवानंद की फिल्मों पर लगाया बैन; कांग्रेस पर PM मोदी का तीखा हमला

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दिल्ली 06 फरवरी 2025:
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में हुई चर्चा का जवाब दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने बृहस्पतिवार को कहा कि ‘सबका साथ, सबका विकास’ उनकी सरकार का मूलमंत्र रहा है जबकि कांग्रेस का मूलमंत्र ‘परिवार प्रथम’ रहा है।राज्यसभा में बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा, “कांग्रेस से ‘सबका साथ, सबका विकास’ की उम्मीद करना बहुत बड़ी गलती होगी। यह उनकी सोच से परे है और यह उनके रोडमैप के अनुकूल भी नहीं है क्योंकि पूरी पार्टी केवल एक परिवार के लिए समर्पित है।”

5:30 PM: प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत के पास जो समय है, उसके पल-पल का उपयोग देश की प्रगति के लिए हो, इसके लिए उनकी सरकार ने योजनाओं को शत प्रतिशत तक लक्ष्य तक पहुंचाने का प्रयास किया। राज्यसभा में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की किरण चौधरी ने तीन फरवरी को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पेश किया था और भाजपा के ही नीरज शेखर ने इसका समर्थन किया था। सत्तर से अधिक सदस्यों ने इस प्रस्ताव पर हुई चर्चा में हिस्सा लिया।

5:25 PM: मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति ने अपने अभिभाषण में भारत की उपलब्धियों के बारे में, दुनिया की भारत से अपेक्षाओं के बारे में और भारत के सामान्य जन के आत्मविश्वास, विकसित भारत के संकल्प जैसे सभी विषयों पर विस्तार से चर्चा की है। उन्होंने कहा, ”देश को आगे की दिशा भी उन्होंने दिखाई है। राष्ट्रपति जी का भाषण प्रेरक भी था, प्रभावी भी था और हम सब के लिए भविष्य का मार्गदर्शक भी था।”

5:20 PM: उन्होंने कहा, ”कांग्रेस के मुंह से संविधान शब्द शोभा नहीं देता। सत्ता सुख के लिए, शाही परिवार के अहंकार के लिए देश के लाखों परिवारों को तबाह कर दिया गया था, देश को जेलखाना बना दिया गया था। बहुत लंबा संघर्ष चला। आखिर में अपने आप को बहुत बड़ा ‘तीस मार खां’ मानने वालों को जनता जनार्दन की ताकत स्वीकारनी पड़ी, घुटने टेकने पड़े और जनता जनार्दन के सामर्थ्य से देश से आपातकाल हटी।”

5:15 PM: पीएम मोदी ने कहा कि किशोर कुमार ने कांग्रेस के लिए गाना गाने से मना किया तो आकाशवाणी पर उनके सभी गानों को प्रतिबंधित कर दिया गया। उन्होंने कहा, ”आपातकाल में जॉर्ज फर्नांडिस समेत देश के अनेक महानुभावों को हथकड़ियां पहनाई गई थी, जंजीरों से बांधा गया था। संसद के सदस्य, देश के गणमान्य नेताओं को हथकड़ियों और जंजीरों से बांधा गया था।”

5:05 PM: पीएम मोदी ने कहा कि गणमान्य लोगों को हथकड़ियां पहनाई गई थीं और शाही परिवार के सुख के लिए जेलें भरी गईं। इस दौरान पीएम मोदी ने एक शेर भी सुनाया। उन्होंने कहा कि खरगे जी आपके सामने शेर सुनाते रहते हैं और सभापति जी, आप भी बड़ा मजा लेते रहते हैं। खड़गे जी को आज नीरज जी की ही कुछ पंक्तियां सुनाना चाहता हूं। कांग्रेस सरकार का दौर था, उसी समय नीरज जी ने ये कविताएं लिखी थीं। नीरज ने कहा था ‘है बहुत अंधियार अब सूरज निकलना चाहिए जिस तरह से भी हो ये मौसम बदलना चाहिए…’ हमारे प्रेरणा पुरुष अटल बिहारी वाजपेयी जी ने भी कहा था- कमल खिलेगा।” पीएम मोदी ने कहा कि गरीबों के लिए जितना हमने किया है, उतना कोई नहीं कर सका।

4:56 PM: पीएम मोदी ने कांग्रेस की पूर्ववर्ती सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, “नेहरू जी प्रधानमंत्री थे, पहली सरकार थी और मुंबई में मजदूरों की एक हड़ताल हुई। उसमें मजरूह सुल्तानपुरी ने एक कविता गाई थी, कॉमनवेल्थ का दास है, इसके जुर्म में नेहरू जी ने उन्हें जेल भेज दिया। बलराज साहनी एक जुलूस में शामिल हुए थे, उन्हें जेल में बंद कर दिया गया था। लता मंगेशकर के भाई हृदयनाथ मंगेशकर ने वीर सावरकर पर एक कविता आकाशवाणी पर प्रसारित करने की योजना बनाई, उन्हें आकाशवाणी से बाहर कर दिया गया। देश ने इमरजेंसी का दौर भी देखा है जब देवानंद ने इमरजेंसी को सपोर्ट नहीं किया तो उनकी फिल्में दूरदर्शन से बैन करा दीं।”

4:52 PM: राष्ट्रपति जी ने गणतंत्र के 75 वर्ष पूरे होने के मौके पर संविधान निर्माताओं से प्रेरणा लेने का भी आग्रह किया है। पीएम मोदी ने कहा कि हम उसी से प्रेरणा लेते हुए आगे बढ़ रहे हैं और कुछ लोगों को लगता होगा कि यूसीसी-यूसीसी क्यों लाए हैं, जब संविधान सभा की डिबेट पढ़ेंगे तब पता चलेगा कि हम उनकी भावनाओं पर ही चल रहे हैं।

4:50 PM: प्रधानमंत्री ने कहा, “हमने पीएम जनमन योजना बनाई और 24000 करोड़ रुपये दिये कि पहले वे आदिवासी समाज की बराबरी पर तो पहुंचें। अलग-अलग भूभाग में भी बहुत इलाके हैं जहां पिछड़ापन है जैसे सीमावर्ती गांव… वह हमने बदल दिया और तय किया कि सीमा पर जो लोग हैं, वो पहले हों। सूरज की किरण जहां पहले आती है और जहां आखिरी किरण जाती है, उसे प्रथम गांव का दर्जा दिया और विशेष योजना बनाकर काम किया। हमने मंत्रियों को ऐसे गांवों में भेजा था और वे रुके थे वहां और समस्याएं समझने का प्रयास किया था।”

4:48 PM: PM मोदी ने कांग्रेस के जाति जनगणना वाले मुद्दे पर निशाना साधते हुए कहा कि जिनको जातिवाद का जहर फैलाने का नया-नया शौक लगा है, हमारे देश के आदिवासी समाज के लोग ऐसे उपेक्षित रहे हैं, उनकी बारीकियों को जानें तो दिल दहलाने वाला है।

4:45 PM: राज्यसभा में बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा, “आज हम अपने संविधान निर्माताओं का सम्मान करते हुए और उनसे प्रेरणा लेते हुए आगे बढ़ रहे हैं। कुछ लोग सोच रहे होंगे कि ये UCC क्या है। जो लोग संविधान पर बहस के बारे में पढ़ेंगे, उन्हें सच्चाई पता चल जाएगी।”

4:38 PM: कांग्रेस की राजनीति का मंत्र हमेशा दूसरे की लकीर छोटी करना रहा…इसके कारण उन्होंने सरकारों को अस्थिर किया। किसी भी राजनीतिक दल की सरकार कहीं बनी तो उसे अस्थिर कर दिया। उन्होंने जो ये रास्ता चुना है उसके चलते लोकसभा चुनाव के बाद उनके साथ जो थे, वे भी भाग रहे हैं: PM मोदी

4:33 PM: प्रधानमंत्री ने कहा कि जीवंत मीडिया और लोकतंत्र वाले देश ने उन्हें तीसरी बार देश की सेवा का मौका दिया और यह इसलिए संभव हो सका क्योंकि जनता ने विकास के उनके मॉडल को परखा, समझा और समर्थन दिया है। उन्होंने कहा, ”इस मॉडल को हमें एक शब्द में समझना है तो यह है ‘राष्ट्र प्रथम’। इसी भावना और समर्पित भाव से हमने लगातार अपनी नीतियों में, अपने कार्यक्रमों में, वाणी-वर्तन के माध्यम से देश की सेवा करने का प्रयास किया है।” मोदी ने कहा कि राष्ट्रपति ने अपने अभिभाषण में भारत की उपलब्धियों के बारे में, दुनिया की भारत से अपेक्षाओं के बारे में और भारत के सामान्य जन के आत्मविश्वास, विकसित भारत के संकल्प जैसे सभी विषयों पर विस्तार से चर्चा की है।

4:30 PM: राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में हुई चर्चा का जवाब देते हुए मोदी ने कांग्रेस पर निशाना साधा और कहा कि उसने राजनीति का एक ऐसा मॉडल तैयार किया था, जिसमें ‘झूठ, फरेब, भ्रष्टाचार परिवारवाद, तुष्टीकरण आदि का घालमेल था। उन्होंने कहा, ”कांग्रेस के मॉडल में ‘परिवार प्रथम’ ही सर्वोपरि है। इसलिए, उनकी नीति-रीति, वाणी-वर्तन उस एक चीज को संभालने में ही खपता रहा है।”

4:26 PM: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पार्टी पर कटाक्ष करते हुए कहा, “कांग्रेस ने यह सुनिश्चित करने में कोई कसर नहीं छोड़ी कि बाबासाहेब चुनाव में हार जाएं। डॉ. बाबा साहब अंबेडकर के प्रति कांग्रेस के मन में कितनी नफरत और गुस्सा था, यह जगजाहिर है। उन्होंने बाबा साहब को कभी भारत रत्न के लायक नहीं समझा। लेकिन आज मजबूरी में उन्हें ‘जय भीम’ का नारा लगाना पड़ रहा है।”

4:25 PM: कांग्रेस पर हमला बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा कि उन्हें मजबूरी में जय भीम बोलना पड़ रहा है। उनका मुंह सूख जाता है। पीएम ने कहा कि कांग्रेस ने बाबा साहब भीमराव अंबेडकर का बहुत अपमान किया। उन्हें भारत रत्न नहीं दिया।

4:20 PM: राज्यसभा में बोलते हुए पीएम मोदी ने कहा, “आज समाज में जाति का जहर फैलाने की कोशिश की जा रही है… कई सालों से सभी दलों के ओबीसी सांसद ओबीसी पैनल को संवैधानिक दर्जा देने की मांग कर रहे थे। लेकिन उनकी मांग को खारिज कर दिया गया, क्योंकि यह उनकी (कांग्रेस) राजनीति के अनुकूल नहीं था। लेकिन हमने इस पैनल को संवैधानिक दर्जा दिया।”

4:17 PM: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा को संबोधित करते हुए कहा, “देश के लोगों ने हमारे विकास के मॉडल को परखा, समझा और समर्थन दिया है। हमारा विकास मॉडल है – ‘राष्ट्र प्रथम'” प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “2014 के बाद भारत को शासन का एक वैकल्पिक मॉडल मिला। यह मॉडल तुष्टिकरण पर नहीं, बल्कि संतुष्टि पर केंद्रित है।”

4:10 PM: पीएम मोदी ने कहा कि कांग्रेस के मॉडल में परिवार पहले सबसे ऊपर है। पीएम मोदी ने कहा, “कांग्रेस के कार्यकाल में हर चीज में तुष्टिकरण था। यह उनकी राजनीति करने का तरीका था….”

4:05 PM: प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में हुई चर्चा का जवाब देते हुए कहा, “राष्ट्रपति जी ने अपने भाषण में भारत की उपलब्धियों, भारत से दुनिया की अपेक्षाओं, भारत के सामान्य मानवी के आत्मविश्वास और विकसित भारत के संकल्प के बारे में विस्तृत चर्चा की…”

4:03 PM: राज्यसभा में धन्यवाद प्रस्ताव पर बहस का जवाब देते हुए पीएम मोदी ने कहा, “सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों पक्षों के सांसदों ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर अपने विचार यहां व्यक्त किए।”

इससे पहले प्रधानमंत्री ने गत मंगलवार को लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर सदन में हुई चर्चा का जवाब दिया था। प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में दिल्ली में पीएम संग्रहालय बनाने, सरदार पटेल की स्टेचू ऑफ यूनिटी बनाने, अनुच्छेद 370 को समाप्त करने और तीन तलाक समाप्त करने जैसे फैसलों का उल्लेख करते हुए कहा था कि जब सत्ता सेवा बन जाए तब राष्ट्र निर्माण होता है और जब सत्ता को विरासत बना दिया जाए तो लोकतंत्र खत्म हो जाता है। प्रधानमंत्री के जवाब के बाद लोकसभा ने विपक्षी सदस्यों के संशोधनों को अस्वीकार करते हुए राष्ट्रपति के अभिभाषण से संबंधित धन्यवाद प्रस्ताव को मंजूरी दी थी।

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