स्वतंत्र बोल
भानुप्रतापपुर 20 सितंबर 2026: बीती रात तथा रविवार सुबह हुए दो पृथक हादसों में कुल 14 मवेशियों की अकाल मौत हो गई। पहला हादसा भानुप्रतापपुर से लगे भैंसाकन्हार के पास बीती रात हुआ, जहां ट्रेन की चपेट में आने से 10 मवेशियों की जान चली गई। वहीं दूसरा हादसा भानुप्रतापपुर के मुख्य चौक में आज सुबह करीब 5 बजे घटा, जहां एक अज्ञात तेज रफ्तार ट्रक ने 4 मवेशियों को कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
भैंसाकन्हार में ट्रेन हादसा और प्रशासनिक कार्रवाई
भैंसाकन्हार में हुए रेल हादसे का शिकार बने सभी 10 मवेशी गांव के ही पशुपालक रमेश विक के थे। घटना की सूचना मिलते ही भानुप्रतापपुर एसडीएम गंगाधर वाहिले अपनी प्रशासनिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पशु चिकित्सा विभाग के डॉक्टरों और कर्मचारियों ने घटनास्थल पर पहुंचकर सभी मृत मवेशियों का एक-एक कर पोस्टमार्टम किया। प्रशासन की ओर से पीड़ित पशुपालक को नियमानुसार मुआवजा प्रदान करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
अंधे मोड़ और हॉर्न न बजाने का आरोप
पशुपालक रमेश उइके ने हादसे के पीछे रेलवे ट्रैक की बनावट पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि गांव के पास रेलवे ट्रैक के दोनों तरफ लंबा मोड़ है, जिसके कारण आती हुई ट्रेन अचानक सामने आ जाती है। उन्होंने आरोप लगाया कि ट्रेन चालक द्वारा हॉर्न न बजाए जाने के कारण आसपास चर रही मवेशियों और पशुपालकों को ट्रेन के आने का समय पर आभास नहीं हो पाता है।
मुख्य चौक पर अज्ञात ट्रक की टक्कर से 4 मवेशी मरे
हादसे की दूसरी घटना भानुप्रतापपुर के मुख्य चौक पर सुबह करीब 5 बजे घटी। यहां एक अनियंत्रित अज्ञात ट्रक मवेशियों को टक्कर मारते हुए निकल गया, जिससे 4 मवेशियों की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद ट्रक चालक वाहन समेत मौके से फरार हो गया। एक ही दिन में 14 मवेशियों की जान जाने से प्रशासनिक व्यवस्था के साथ-साथ पशुपालकों की सतर्कता और जिम्मेदारी पर भी सवाल खड़े हो गए हैं।


