‘ईरान नहीं रुका तो मिटा देंगे नक्शे से…’ ट्रंप की खुली धमकी के बाद 24 घंटे में दूसरा बड़ा अमेरिकी हमला, मचा हड़कंप

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US-Iran Conflict, 28 जून 2026: US-Iran Conflict
 मध्य पूर्व में एक बार फिर युद्ध जैसे हालात बनते नजर आ रहे हैं। दो सप्ताह पहले हुए शांति समझौते के बावजूद अमेरिका और ईरान के बीच तनाव खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। महज 24 घंटे के भीतर अमेरिका ने ईरान पर दूसरी बड़ी सैन्य कार्रवाई करते हुए उसके 10 सैन्य ठिकानों और ड्रोन साइट्स पर एयर स्ट्राइक की है। इस कार्रवाई के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है।

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अमेरिकी सेना के मुताबिक, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास पनामा के झंडे वाले तेल टैंकर एम/टी किकु पर सुबह करीब 4:30 बजे ड्रोन हमला किया गया। टैंकर में 20 लाख से अधिक बैरल कच्चा तेल लदा था। अमेरिका ने इस हमले के लिए सीधे तौर पर ईरान को जिम्मेदार ठहराया और तत्काल जवाबी सैन्य कार्रवाई शुरू कर दी।

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अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि यदि इस बार भी ईरान अपनी हरकतों से बाज नहीं आया तो उसके अस्तित्व पर गंभीर खतरा मंडरा सकता है। ट्रंप के निर्देश पर अमेरिकी नौसेना और वायुसेना ने ईरान के कई अहम सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया।

अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए बताया कि हमले में ईरान के सैन्य निगरानी ढांचे, संचार प्रणाली, एयर डिफेंस साइट्स, ड्रोन स्टोरेज सेंटर और समुद्री बारूदी सुरंग (माइन) बिछाने से जुड़े ठिकानों को निशाना बनाया गया।

वहीं, ईरान के सरकारी मीडिया IRIB के अनुसार दक्षिणी शहर सिरिक के पास कई जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं। रिपोर्ट में बताया गया कि कई प्रोजेक्टाइल एक दूरसंचार टावर से टकराए, हालांकि नुकसान की विस्तृत जानकारी अभी सामने नहीं आई है।

इस बीच ईरान ने भी पलटवार का दावा करते हुए कहा है कि उसने बहरीन और कुवैत में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया। ईरान का कहना है कि यह कार्रवाई अमेरिका द्वारा उसके मिसाइल और ड्रोन ठिकानों पर किए गए हमलों के जवाब में की गई।

लगातार हो रहे हमलों और तीखी बयानबाजी ने एक बार फिर मध्य पूर्व में बड़े सैन्य संघर्ष की आशंकाओं को बढ़ा दिया है। पूरी दुनिया की नजर अब अमेरिका और ईरान के अगले कदम पर टिकी हुई है।