विदेशी फंडिंग पर सियासी बम, कांग्रेस पर बड़े आरोपों से बढ़ा तनाव, क्या खुलेंगे और राज


स्वतंत्र बोल 
रायपुर 25 अप्रैल 2026: छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी ने माहौल गर्म कर दिया है। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में होने वाली अहम बैठक से पहले सांसद संतोष पांडेय के बयान ने सियासी हलचल तेज कर दी है। उन्होंने विदेशी फंडिंग को लेकर कांग्रेस पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिससे राजनीतिक विवाद गहराता नजर आ रहा है।

बीजेपी आगामी महीने से शुरू होने वाले प्रशिक्षण कार्यक्रम को लेकर रणनीति तैयार कर रही है। इस बैठक में जिलों में प्रशिक्षण वर्ग आयोजित करने की कार्ययोजना पर चर्चा होगी। सांसद पांडेय ने कहा कि बीजेपी केवल चुनावी समय पर ही नहीं, बल्कि हर समय संगठन को मजबूत करने के लिए काम करती है। उन्होंने कहा कि शांतिकाल में भी पार्टी अपने कार्यकर्ताओं को तैयार रखती है और उन्हें पार्टी के इतिहास, कार्यपद्धति और कौशल विकास की ट्रेनिंग दी जाएगी। यह प्रशिक्षण मंडल, जिला और प्रदेश स्तर पर आयोजित किए जाएंगे।

इसी बीच प्रवर्तन निदेशालय की जांच में नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में विदेशी फंडिंग के खुलासे के बाद राजनीतिक माहौल और भी गर्म हो गया है। सांसद संतोष पांडेय ने कांग्रेस और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि विदेशी फंडिंग के मामले में कांग्रेसियों की भी भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि इसी कारण कांग्रेस और भूपेश बघेल ने ईडी की कार्रवाई का विरोध किया।

पांडेय ने आगे दावा किया कि कांग्रेस ने विदेशी फंडिंग के जरिए लोगों को जेएनयू भेजा और आदिवासी क्षेत्रों में विभिन्न गतिविधियां संचालित की गईं। उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस का नक्सलियों के बीच नेटवर्क रहा है और अब यह बात जनता के सामने आ चुकी है।

सांसद ने यह भी कहा कि केंद्र की मोदी सरकार ने विदेशी फंडिंग से जुड़े कई गैर सरकारी संगठनों पर कार्रवाई की है। साथ ही प्रदेश में धर्मांतरण रोकने के लिए कानून लाने का श्रेय भी भाजपा को दिया।

हालांकि इन आरोपों के बाद अब यह देखना अहम होगा कि कांग्रेस की ओर से इस पर क्या प्रतिक्रिया आती है और क्या यह मामला आने वाले समय में और बड़ा सियासी विवाद खड़ा करेगा।