स्वतंत्र बोल
बलरामपुर, 17मई 2025:सनावल थाना क्षेत्र के लिब्रा घाट पर रेत माफियाओं द्वारा कांस्टेबल की ट्रैक्टर से कुचलकर हत्या किए जाने के सनसनीखेज मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी हमिदुल हक समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अब तक इस मामले में कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें से 7 एक ही परिवार से ताल्लुक रखते हैं। पुलिस ने तीन ट्रैक्टर भी जब्त किए हैं जो वारदात में इस्तेमाल हुए थे।
पिता के कहने पर बेटे ने की हत्या
जांच के दौरान जो खुलासा हुआ है, वह चौंकाने वाला है। पुलिस के अनुसार, पिता नसीमूल हक के कहने पर बेटे हमिदुल और निजामुल हक ने कांस्टेबल पर ट्रैक्टर चढ़ा दिया। इससे साफ होता है कि यह पूर्व नियोजित और संगठित हमला था। फिलहाल पुलिस की विवेचना जारी है और बाकी फरार आरोपियों की तलाश में छापेमारी की जा रही है।
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पहले हो चुकी है 5 अन्य गिरफ्तारियां
इससे पहले पुलिस ने आरीफूल हक, जमील अंसारी, उपेन्द्र कोरवा, शकील अंसारी और अकबर अंसारी को गिरफ्तार किया था। सभी आरोपी झारखंड के रेत खनन माफिया गिरोह से जुड़े बताए जा रहे हैं।
क्या था पूरा मामला?
घटना उस वक्त की है जब वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम नदी किनारे अतिक्रमण और अवैध रेत खनन की शिकायत पर लिब्रा घाट पहुंची थी। यहां टीम ने अवैध खनन कर रहे माफियाओं को रोकने की कोशिश की। इसी दौरान माफिया ने टीम पर हमला कर दिया और आरक्षक शिव भजन सिंह को ट्रैक्टर से कुचल दिया। मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद IG दीपक झा और SP वैभव बैंकर तुरंत मौके पर पहुंचे और कार्रवाई तेज कर दी गई।
थाना प्रभारी सस्पेंड
घटना को लेकर थाना प्रभारी दिव्यकांत पांडेय को लापरवाही बरतने के आरोप में सस्पेंड कर दिया गया है। सस्पेंशन आदेश में कहा गया कि उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को बिना सूचना दिए, अपर्याप्त बल के साथ अवैध रेत खनन रोकने की कार्रवाई की, जिससे इतनी बड़ी वारदात हो गई।
हाईकोर्ट की सख्त टिप्पणी
घटना पर छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने भी सख्त रुख अपनाया। कोर्ट ने सुनवाई के दौरान कहा कि,
“जब अवैध खनन पर रोक के लिए पहले से निर्देश जारी हैं, फिर भी ऐसी घटनाएं होना बेहद गंभीर और चिंताजनक है। राज्य प्रशासन की स्थिति ठीक नहीं दिख रही।”
कोर्ट ने मामले में खनिज सचिव और वन विभाग को नोटिस जारी किया है और 9 जून को अगली सुनवाई तय की गई है।
