बिहार के राज्यपाल पहुंचे प्रयागराज, इन दो राज्यों से मुख्यमंत्रियों ने भी लगाई डुबकी

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उत्तर प्रदेश 06 फरवरी 2025:
त्तर प्रदेश से प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ में बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान पहुंचे। जहां अरैल स्थित स्वामी चिदानंद सरस्वती के शिविर परमार्थ निकेतन आश्रम में उनका स्वागत किया गया। वहीं अरैल घाट पर आयोजित गंगा आरती में उन्होंने हिस्सा भी लिया। प्रयागराज पहुंचने पर बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा कि भारत की संस्कृति का मूल आधार भारत की आस्था व भक्ति की शक्ति में निहित है। उन्होंने परमार्थ निकेतन शिविर के ईको फ्रेंडली पहलुओं की सराहना करते हुए कहा कि स्वामी जी अपने से पहले अपनी प्रकृति व संस्कृति के संरक्षण के विषय में सोचते व करते हैं।

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि महाकुंभ केवल आस्था का संगम नहीं है। बल्कि सनातन संस्कृति की जीवंत धरोहर है। यह आयोजन भारत की आध्यात्मिक शक्ति और सांस्कृतिक विरासत का भव्य प्रतीक है। जिसे आज पूरा विश्व देख रहा है। गौरव की अनुभूति कर रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में इस विराट आयोजन की भव्यता की सराहना करते हुए कहा कि महाकुंभ 2025 सनातन धर्म की दिव्यता और गौरवशाली परंपराओं का प्रतीक बनेगा।

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने गुरुवार को संगम में सपरिवार स्नान किया। त्रिवेणी संगम में डुबकी लगाकर उन्होंने प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि और कल्याण की प्रार्थना की। उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी ने मुख्यमंत्री सैनी का कुंभ कलश भेंट कर भव्य स्वागत किया और उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से उनका अभिनंदन किया।

प्रयागराज में महाकुम्भ-2025 का आयोजन हर दिन के साथ दिव्यता व भव्यता के नए सोपानों की ओर अग्रसर है। इसी क्रम गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने गुरुवार को राज्य सरकार की ‘मुख्यमंत्री देव दर्शन यात्रा योजना’ के तहत पहली तीर्थयात्रा ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर प्रयागराज के लिए रवाना किया। इस अवसर पर उन्होंने महाकुम्भ में हुई व्यवस्थाओं को लेकर जमकर सराहा। आगे कहा कि महाकुम्भ 2025 विश्व स्तर पर प्रतिष्ठित आध्यात्मिक आयोजन है। 40 करोड़ से अधिक लोग इसमें भाग ले रहे हैं, और इतने बड़े आयोजन की व्यवस्थाएं करना निश्चित रूप से एक चुनौतीपूर्ण कार्य है। योगी आदित्यनाथ जी ने इसे सफल बनाने के लिए शानदार व्यवस्थाएं की हैं। हम गोवा के तीर्थयात्रियों को इस पवित्र आयोजन में शामिल होने का अवसर प्रदान कर गर्व महसूस कर रहे हैं।महाकुंभ की वजह से प्रयागराज शहर में भी यातायत की समस्या देखी जा रही है। आज शास्त्री पुल पर भीषण जाम देखने को मिला। वहीं जाम के दौरान पुलिस से नोकझोंक भी हो गई।

उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में महाकुंभ चल रहा है। हर दिन वीवीआईपी लोग और लाखों श्रद्धालु पवित्र स्नान के लिए आ रहे हैं। आज गुरुवार को मणिपुर के मुख्यमंत्री बीरेन सिंह ने संगम में डुबकी लगाई।महाकुंभ में पांटून पुल बंद होने पर श्रद्धालुओं में आक्रोश पैदा हो गया। उन्होंने पुलिसकर्मी से बहस की।महाकुंभ के सेक्टर 19 के पांटून पुल पर हंगामा होने की खबर है। सिर्फ प्रशासनिक वाहन के लिए आवागमन होने पर लोगों में नाराजगी है। आज मेले में अधिक भीड़ है। झूंसी, अंदावा, नैनी के सारे रास्ते पैक हैं। लोग घंटों से जाम में फंसे हैं।

हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने संगम में डुबकी लगाई। बृहस्पतिवार को सुबह करीब 11 बजे वह प्रयागराज पहुंचे। एयरपोर्ट पर स्थानीय भाजपा के नेताओं ने उनका स्वागत किया। सीएम के साथ हरियाणा भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बड़ौली के अलावा परिवार के कई सदस्य थे। सीएम सैनी ने परिवार के साथ अरैल पहुंचकर त्रिवेणी में डुबकी लगाई। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था का व्यापक बंदोबस्त किया गया।

महाकुंभ में स्नान के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। कल से भी ज्यादा श्रद्धालु आज स्नान के लिए संगम तट पर पहुंच रहे हैं।मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी आज महाकुंभ में कैबिनेट मंत्रियों के साथ डुबकी लगाएंगे। सीएम सैनी प्रयागराज पहुंच गए हैं। वे अरैल पक्का घाट पर पूजा-अर्चना और स्नान करेंगे। उनके साथ भारतीय जनता पार्टी के प्रदेशाध्यक्ष मोहन लाल बडौली भी हैं।

महाकुंभ जाने के लिए श्रद्धालु सुबह से ही निकल गए, लेकिन शास्त्री पुल जाम लगा होने की वजह से काफी परेशानी हुई। आज से ऑफलाइन क्लास भी शुरू कर दी गई हैं। नौकरी पेशा लोगों को सबसे ज्यादा समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है, लोगों का कहना है महाकुंभ को लेकर सहयोग की भावना है लेकिन कई-कई दिन जाॅब से छुट्टी तक भी लेनी पड़ रही है।

महाकुंभ 2025 में पवित्र स्नान के लिए त्रिवेणी संगम पर श्रद्धालुओं का आना जारी है। 45 दिनों तक चलने वाले महाकुंभ 2025 के पहले 24 दिनों में 39 करोड़ से ज़्यादा श्रद्धालुओं ने त्रिवेणी संगम में पवित्र डुबकी लगाई है। गंगा, यमुना और ‘रहस्यमय’ सरस्वती नदियों का पवित्र संगम – यह दुनिया का सबसे बड़ा मानव समागम है।महाकुंभ के दौरान वैष्णवों के सबसे बड़े दिगंबर अनि अखाड़े ने करीब 550 साल पुरानी परंपरा को छोड़कर लोकतांत्रिक ढांचे की ओर कदम बढ़ाया है।

अनि अखाड़े में भी अब न सिर्फ सभी पदों के लिए चुनाव होगा बल्कि उनका कार्यकाल भी 12 साल के लिए तय कर दिया।आज महाकुंभ का 25वां दिन है। श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगा रहे हैं। अब तक 39 करोड़ से अधिक लोग त्रिवेणी संगम में आस्था की डुबकी लगा चुके हैं। कल प्रधानमंत्री मोदी भी पावन स्नान कर चुके हैं। यूपी सरकार ने अनुमान व्यक्त किया था कि इस बार के महाकुंभ में 45 लोग तीर्थराज में आकर डुबकी लगाएंगे। इस लिहाज से आंकड़ा लक्ष्य से करीब है।

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