नोएडा 12 नवम्बर 2022: पुलिस कमिश्नर आलोक सिंह के सीयूजी नंबर पर फर्जी कॉल करने के मामले में पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। उस व्यक्ति ने फर्जी नंबर से कॉल कर कहा कि वह प्रधान सचिव के पद पर तैनात आईएएस संजय प्रसाद से बात कर रहा है। एक ही नंबर से सीयूजी पर 3 बार कॉल किया।
|
WhatsApp Group
|
Join Now |
|
Facebook Page
|
Follow Now |
|
Twitter
|
Follow Us |
|
Youtube Channel
|
Subscribe Now |
इस दौरान पुलिस कमिश्नर से बात करने की बात कही। शक होने पर जांच की गई कि कॉल फर्जी थी। प्रमुख सचिव की ओर से कोई फोन नहीं आया। इसके बाद पुलिस आयुक्त के पीआरओ ने सेक्टर 39 थाने में प्राथमिकी दर्ज करायी और व्यक्ति को गिरफ्तार कर लिया।
बता दें कि सूचना पर पता चला कि गौतमबुद्धनगर नशे की हालत में खुद को सीएम योगी आदित्यनाथ का निजी सचिव बताते हुए पुलिस आयुक्त आलोक सिंह से बात करने पर अड़े थे। शक के आधार पर जांच की गई तो पता चला कि प्रमुख सचिव संजय प्रसाद की ओर से कोई कॉल ही नहीं की गई।
इसके बाद तत्काल पुलिस आयुक्त के पीआरओ ने कोतवाली 39 में मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने नशे की हालत में सीपी के सीयूजी नंबर पर 3 बार फोन किया था।
PRO ने कॉल रिसीव किया था
आरोपी ने पुलिस कमिश्नर आलोक सिंह के सीयूजी नंबर पर कॉल कर कहा कि मैं संजय प्रसाद पीएस सीएम योगी आदित्यनाथ बोल रहा हूं। हालांकि जब भी फोन किया गया तो फोन पुलिस कमिश्नर के पीआरओ संजय कुमार सिंह के पास ही था।
फोन करने वाले ने खुद को प्रधान सचिव संजय प्रसाद बताते हुए सीपी से बात करने की बात कही। फोन करने वाले पर जब पीआरओ को शक हुआ तो इस बात की जानकारी पुलिस कमिश्नर को दी गई, जिसके बाद कार्रवाई की गई।
आरोपी कुलदीप पेशे से ड्राइवर
पुलिस जब शक के आधार पर कॉल किए गए नंबर की लोकेशन पता करने गई तो वह नोएडा के गांव छलेरा में मिली। पुलिस ने तुरंत फोन करने वाले को गिरफ्तार कर लिया। फोन करने वाले का नाम कुलदीप है और वह पेशे से ड्राइवर है।
फर्जी जेल अफसर ने की महिला से ठगी, उसके पति को जेल से निकालने दिया झांसा
