शिक्षित बेरोजगार के लिए खुशखबरी: 1 अप्रैल से मिलेगा भत्ता, इन शर्तो को पूरा करना जरुरी.. नेताओ के रिश्तेदार को नहीं मिलेगा लाभ।

रायपुर 23 मार्च 2023.  प्रदेश के शिक्षित बेरोजगारों को 1 अप्रैल से 2500 रुपये बेरोजगारी भत्ता मिलेगा। रोजगार तकनीकी शिक्षा विभाग ने इस संबंध में आदेश जारी किया है। युवाओ को बेरोजगारी भत्ता प्राप्त करने निर्धारित मापदण्ड एवं शर्तों का पालन करना होगा, और निर्धारित योग्यता को पूरा करने वाले आवेदक को ही भत्ता मिलेगा। कौशल विकास तकनीकी शिक्षा एवम रोजगार विभाग के प्रमुख सचिव डॉ. आलोक शुक्ला ने बताया कि
“भत्ता के लिए एनआईसी के द्वारा एक वेबपोर्टल तैयार किया गया है जिसके माध्यम से बेरोजगारों को आवेदन करना होगा, पोर्टल 1 अप्रैल 2023 से प्रारंभ हो जायेगा। ऑनलाइन आवेदन उपरांत दस्तावेजों का भौतिक सत्यापन, आवेदकों को समक्ष में बुलाकर किया जायेगा। प्रत्येक गाँवो और शहरों में दस्तावेजों के सत्यापन के लिए क्लस्टर बनाया जायेगा तथा प्रत्येक क्लस्टर के लिये सत्यापन टीम होगी। आवेदन सत्यापन उपरांत बेरोजगारी भत्ता जनपद पंचायत एवं नगरीय निकायों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी/आयुक्त नगर निगम द्वारा स्वीकृत किया जायेगा। बेरोजगारी भत्ता का भुगतान आवेदकों के बैंक खाते में सीधे ट्रांसफर होगा।”
ये होंगे पात्र-
बेरोजगारी भत्ता देने शासन ने नियम बनाये है जिसके अनुसार आवेदक शिक्षित बेरोजगार को छत्तीसगढ़ का मूल निवासी होना आवश्यक है। उसकी आयु 18 से 35 वर्ष के बीच होनी आवश्यक है, वह मान्यता प्राप्त बोर्ड से न्यूनतम हायर सेकंडरी (12वीं) उत्तीर्ण हो और जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्ग दर्शन केंद्र में पंजीकृत हो तथा आवेदन के वर्ष के 1 अप्रैल को हायर सेकंडरी अथवा उससे अधिक योग्यता में उसका रोजगार पंजीयन न्यूनतम दो वर्ष पुराना हो। आवेदक की आय का कोई स्त्रोत न हो एवं आवेदक के परिवार की समस्त स्त्रोतों से वार्षिक आय 2 लाख 50 हजार रुपए से अधिक न हो। परिवार से तात्पर्य है- पति, पत्नी एवं आश्रित बच्चे एवं आश्रित माता-पिता। इन नियमो को पूरा करने वाले आवेदक को एक वर्ष के लिए प्रति महीने 2500 रुपये भत्ता मिलेगा, यदि आवेदक एक वर्ष की इस अवधि में नौकरी नहीं पाता है तो बेरोजगारी भत्ते की अवधि एक वर्ष के लिए और बढ़ाई जा सकेगी, लेकिन किसी भी प्रकरण में दो वर्ष से अधिक नहीं होगी।
सचिव शुक्ला ने बताया कि एक परिवार से एक ही व्यक्ति को बेरोजगारी भत्ता दिया जायेगा। यदि किसी परिवार के किसी व्यक्ति को बेरोजगारी भत्ता स्वीकृत किया जा चुका है, तो दूसरा व्यक्ति अपात्र होगा। आवेदक के परिवार के किसी भी सदस्य को केन्द्र अथवा राज्य सरकार की किसी भी संस्था अथवा स्थानीय निकाय में चतुर्थ श्रेणी या ग्रुप डी को छोड़कर अन्य नौकरी होने पर ऐसा आवेदक बेरोजगारी भत्ते के लिए अपात्र होगा। आवेदक को स्वरोजगार या शासकीय अथवा निजी क्षेत्र में किसी नौकरी को ऑफर दिया जाता है, परन्तु आवेदक ऑफर स्वीकार नहीं करता है, तो ऐसा आवेदक बेरोजगारी भत्ता के लिए अपात्र होगा।
नेताओ के रिश्तेदारों को नहीं मिलेगा लाभ-
इस योजना का लाभ नेताओ के रिश्तेदारों जिसमे पूर्व और वर्तमान मंत्रियों, राज्य मंत्रियों और संसद या राज्य विधान सभाओं के पूर्व या वर्तमान सदस्यों, नगर निगमों के पूर्व और वर्तमान महापौर और जिला पंचायतों के पूर्व और वर्तमान अध्यक्ष के परिवार के सदस्यों को योजना का लाभ नहीं मिलेगा। 10,000/-रूपये या उससे अधिक की मासिक पेंशन प्राप्त करने वाले पेंशन भोगी परिवार के सदस्य बेरोजगारी भत्ते के लिए अपात्र होंगे। वे परिवार जिन्होंने पिछले असेस्मेंट ईयर में इनकम टैक्स भरा हो, उनके परिवार के सदस्य बेरोजगारी भत्ते के लिए अपात्र होंगे। अन्य पेशेवर जैसे- इंजीनियर, डॉक्टर, वकील, चार्टर्ड एकाऊन्टेंट और पेशेवर निकायों के साथ पंजीकृत ऑर्किटेक के परिवार के सदस्य बेरोजगारी भत्ता के लिए अपात्र होंगे।
बेरोजगारी भत्ते की राशि पात्र हितग्राही के बैंक खाते में प्रतिमाह खाते में ट्रांसफर की जाएगी। जिन लोगों को बेरोजगारी भत्ता स्वीकृत किया जाएगा उन सभी व्यक्तियों को कौशल विकास प्रशिक्षण का ऑफर दिया जाएगा। कौशल विकास प्रशिक्षण के पश्चात् उन्हें रोजगार प्राप्त करने में सहायता की जाएगी और यदि वे कौशल विकास प्रशिक्षण में भाग लेने से इनकार करते हैं या ऑफर किया गया रोजगार स्वीकार नहीं करते हैं तो उनका बेरोजगारी भत्ता बंद कर दिया जाएगा।

 

CM भूपेश बघेल का बड़ा ऐलान, लाइट मेट्रो सेवा की घोषणा, नवा रायपुर से दुर्ग तक चलेगी मेट्रो…

 

 

error: Content is protected !!