रायपुर 2 जनवरी 2023: राज्यपाल अनुसुइया उइके ने नए साल पर केन्द्रीय जेल बिलासपुर में निरूद्ध दण्डित बंदी की दया याचिका को स्वीकृति प्रदान की है। राज्यपाल ने बंदी की उम्र, उनके द्वारा भुगती गई सजा और जेल में उनके आचरण के दृष्टिगत संवेदनशीलता के साथ यह निर्णय लिया है।
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बता दें कि, बंदी रामचरण की उम्र 80 वर्ष है और उनका आचरण भी अच्छा रहा है। उक्त बंदी ने 34 वर्ष पहले अपराध किया था। इन सभी तथ्यों पर विचार करने के बाद उसकी सजा माफी का निर्णय लिया गया है।
दरअसल, भारत के संविधान के अनुच्छेद 161 के अनुसार किसी विधि के विरूद्ध, किसी अपराध के लिए सिद्धदोष ठहराये गये। किसी व्यक्ति के दंड को क्षमा, उसका प्रविलम्बन, विराम या परिहार करने की अथवा दंडादेश के निलम्बन, परिहार या लघुकरण की शक्ति राज्यपाल में निहित होती है।
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